
जोधपुर का दर्दनाक सड़क हादसा: तेज रफ्तार बस ट्रेलर से टकराई, 15 की मौत, कई घायल — मुख्यमंत्री ने जताया गहरा दुख, दिए तुरंत राहत के आदेश
राजस्थान के जोधपुर ज़िले से एक बेहद दर्दनाक खबर सामने आई है। फालोदी के मातोड़ा क्षेत्र में रविवार सुबह एक भीषण सड़क हादसे में अब तक 15 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है, जबकि कई अन्य लोग गंभीर रूप से घायल हैं। हादसे के बाद पूरे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। जानकारी के मुताबिक, यह हादसा तब हुआ जब श्रद्धालुओं से भरी एक टेंपो ट्रैवलर (टूरिस्ट बस) तेज रफ्तार में चलते हुए भरतमाला एक्सप्रेस-वे पर खड़े एक ट्रेलर से जा टकराई।
श्रद्धालु कोलायत दर्शन से लौट रहे थे
बताया जा रहा है कि यह बस श्रद्धालुओं को लेकर बाड़मेर से कोलायत दर्शन के लिए गई थी। दर्शन के बाद सभी लोग सुरसागर की ओर लौट रहे थे। रास्ते में जैसे ही वाहन जोधपुर के फालोदी उपखंड के मातोड़ा क्षेत्र से गुज़रा, सामने खड़े ट्रेलर से ज़ोरदार टक्कर हो गई। टक्कर इतनी भयानक थी कि बस के अगले हिस्से के परखच्चे उड़ गए और कई यात्री अंदर फंस गए। स्थानीय लोगों ने तुरंत पुलिस और एंबुलेंस को सूचना दी।
चीख-पुकार मच गई, स्थानीय लोगों ने संभाला मोर्चा
हादसे के बाद सड़क पर हाहाकार मच गया। चारों ओर चीख-पुकार सुनाई देने लगी। आसपास के ग्रामीण तुरंत मौके पर पहुंचे और राहत कार्य शुरू किया। उन्होंने फंसे यात्रियों को बाहर निकालने के लिए बस के शीशे तोड़े। कुछ ही देर में पुलिस और प्रशासन की टीम मौके पर पहुंची और घायलों को तुरंत पास के अस्पतालों में भेजा गया। कई घायलों की हालत बेहद गंभीर बताई जा रही है।
मुख्यमंत्री ने जताया गहरा दुख
इस हादसे को लेकर राजस्थान के मुख्यमंत्री भजन लाल शर्मा ने गहरा शोक व्यक्त किया है। उन्होंने हादसे में जान गंवाने वालों के परिजनों के प्रति संवेदना जताई और घायलों के शीघ्र स्वस्थ होने की कामना की। मुख्यमंत्री ने जोधपुर के कलेक्टर और पुलिस अधीक्षक को निर्देश दिए हैं कि घायलों को जल्द से जल्द अस्पताल पहुंचाने के लिए ग्रीन कॉरिडोर बनाया जाए ताकि उन्हें तुरंत चिकित्सा सुविधा मिल सके।
अधिकारी मौके पर मौजूद
घटना की सूचना मिलते ही जोधपुर पुलिस कमिश्नर ओमप्रकाश, एमडीएम अस्पताल के सुपरिटेंडेंट विकास राजपुरोहित, और अन्य वरिष्ठ अधिकारी ट्रॉमा सेंटर पहुंच गए। सभी अधिकारी लगातार राहत कार्यों की निगरानी कर रहे हैं। घायलों के इलाज में किसी भी प्रकार की लापरवाही न हो, इसके लिए मेडिकल स्टाफ को विशेष निर्देश दिए गए हैं।
हादसे की जांच में जुटी पुलिस
थाना अधिकारी अमनाराम ने हादसे की पुष्टि करते हुए बताया कि अब तक 15 लोगों की मौत हुई है, जबकि 3 से 4 लोग गंभीर रूप से घायल हैं। पुलिस ने बताया कि बस की रफ्तार काफी तेज थी, जिसके कारण ड्राइवर ट्रेलर को समय पर नहीं देख पाया और टक्कर हो गई। फिलहाल, पुलिस हादसे के सटीक कारणों की जांच कर रही है। मौके पर मौजूद चश्मदीदों से भी पूछताछ की जा रही है।
मृतकों की पहचान की प्रक्रिया जारी
घटना में जान गंवाने वालों की पहचान की प्रक्रिया जारी है। कई शव बुरी तरह क्षतिग्रस्त हो गए हैं, जिन्हें स्थानीय प्रशासन की मदद से फालोदी के अस्पताल में रखा गया है। परिजनों को सूचना भेजी जा रही है ताकि पहचान पूरी की जा सके।
घायलों का इलाज जारी
घायलों को पहले फालोदी के अस्पताल में भर्ती कराया गया था, लेकिन गंभीर रूप से घायल यात्रियों को जोधपुर के एमडीएम अस्पताल रेफर किया गया है। मुख्यमंत्री के निर्देश के बाद जोधपुर प्रशासन ने ग्रीन कॉरिडोर बनाकर घायलों को समय पर अस्पताल पहुंचाया। डॉक्टरों की एक विशेष टीम लगातार उनका इलाज कर रही है।
लोगों में गम और आक्रोश
हादसे की खबर फैलते ही पूरे इलाके में मातम का माहौल बन गया। मृतकों के घरों में कोहराम मच गया है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से मांग की है कि सड़क सुरक्षा उपायों को और सख्त किया जाए ताकि ऐसे हादसे दोबारा न हों। कई लोगों ने भरतमाला एक्सप्रेस-वे पर खड़े ट्रेलरों और भारी वाहनों पर भी सवाल उठाए हैं, जो दुर्घटनाओं की बड़ी वजह बनते हैं।
संवेदनाओं की लहर
राज्य सरकार ने मृतकों के परिजनों को आर्थिक सहायता देने की घोषणा की है। मुख्यमंत्री कार्यालय से जारी बयान में कहा गया है कि सरकार पूरी तरह से पीड़ित परिवारों के साथ खड़ी है। वहीं, समाजसेवी संगठन और स्थानीय लोग भी अस्पताल पहुंचकर घायलों की मदद में जुट गए हैं।